सुविचार

नरत्वं दुर्लभं लोके 
विद्या तत्र सुदुर्लभा।
कवित्वं दुर्लभं तत्र 
शक्तिस्तत्र सुदुर्लभा।।

-अग्निपुराणम् 

अर्थ : "इस लोक में प्रथम तो 'मनुष्य योनि में जन्म' ले पाना ही दुर्लभ है, उसमें भी 'विद्या' दुर्लभ है, विद्या प्राप्त होने पर भी 'कवित्व' दुर्लभ है और कवित्व वालों में भी 'शक्ति' तो एकदम दुर्लभ है।"

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